Madhya Pradesh भोपाल: 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर भोपाल के लाल परेड ग्राउंड में भव्य राज्य स्तरीय समारोह का आयोजन किया गया। राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और परेड की सलामी ली। अपने संबोधन में उन्होंने प्रदेश की उपलब्धियों का लेखा-जोखा प्रस्तुत करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश ‘आत्मनिर्भर और विकसित भारत’ के निर्माण की दिशा में एक मजबूत आधार तैयार कर रहा है।

कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था: 2026 को ‘कृषि वर्ष’ घोषित किया
Madhya Pradesh राज्यपाल ने प्रदेश की प्रगति में किसानों के योगदान को सर्वोपरि बताते हुए वर्ष 2026 को “कृषि वर्ष” के रूप में मनाने की घोषणा की।
- बजट में भारी वृद्धि: कृषि एवं संबद्ध क्षेत्रों का बजट 2002-03 के 600 करोड़ रुपये से बढ़कर अब 27 हजार करोड़ रुपये से अधिक हो गया है।
- ई-मंडी और उत्पादन: प्रदेश की 259 मंडियों में ई-मंडी योजना लागू की गई है और उद्यानिकी फसलों के उत्पादन में 23% की वृद्धि दर्ज की गई है।
- सिंचाई योजनाएं: प्रधानमंत्री मोदी द्वारा स्वीकृत केन-बेतवा और पार्वती-कालीसिंध-चंबल लिंक परियोजनाओं से 14 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा मिलेगी।
सामाजिक न्याय और जनजातीय उत्थान: ‘अंत्योदय’ का संकल्प

Madhya Pradesh राज्यपाल ने जोर दिया कि मध्य प्रदेश बाबा साहेब अंबेडकर की जन्मस्थली है, इसलिए सामाजिक न्याय हमारी प्राथमिकता है।
- शिक्षा सहायता: अनुसूचित जाति के 50 लाख विद्यार्थियों को 2,250 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति दी गई है। विदेश में पढ़ाई के लिए प्रति छात्र 50 हजार डॉलर तक की सहायता का प्रावधान है।
- जनजातीय ग्राम उत्कर्ष: ‘धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान’ के तहत 79 हजार करोड़ रुपये का निवेश कर 18 लाख परिवारों के जीवन स्तर को सुधारा जा रहा है।
- बिजली बिल राहत: समाधान योजना के तहत 12.5 लाख उपभोक्ताओं का 281 करोड़ रुपये का सरचार्ज माफ किया गया है।
शिक्षा, स्वास्थ्य और अधोसंरचना: आधुनिक मध्य प्रदेश की झलक

Madhya Pradesh राज्यपाल ने बताया कि प्रदेश राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 के सफल क्रियान्वयन में देश में अग्रणी है।
- शिक्षा: प्रदेश में 55 ‘प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस’ विकसित किए जा रहे हैं और तीन नए विश्वविद्यालय (खरगोन, गुना और सागर) स्थापित किए गए हैं।
- स्वास्थ्य: जिला अस्पतालों को निजी सहयोग से शिक्षण अस्पतालों में बदला जा रहा है। पीएमश्री एयर एंबुलेंस सेवा गंभीर मरीजों के लिए जीवनदायिनी साबित हो रही है।
- खेल और उद्योग: भोपाल में 985 करोड़ रुपये की लागत से अंतर्राष्ट्रीय स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का निर्माण हो रहा है। वहीं, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में प्रदेश के अग्रणी होने से धार में ‘पीएम मित्रा पार्क’ जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स जमीन पर उतर रहे हैं।
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