Indian Currency: स्वामी विवेकानंद जी और महर्षि महेश योगी जी की जयंती के अवसर पर संविधान क्लब ऑफ इंडिया में आयोजित युवा अमृतोत्सव–2026 कार्यक्रम में स्वामी चक्रपाणि महाराज ने महत्वपूर्ण बयान दिया। उन्होंने कहा कि स्वामी विवेकानंद और महर्षि महेश योगी भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म के महान अवतार हैं और संपूर्ण विश्व के लिए भारत की अमूल्य धरोहर हैं।
Indian Currency: रुपये पर नए प्रतीक की मांग
स्वामी चक्रपाणि महाराज ने कहा कि भारतीय मुद्रा पर गांधी जी के चित्र के स्थान पर स्वामी विवेकानंद और महर्षि महेश योगी के चित्र अंकित किए जाएँ। उनका कहना है कि इससे भारतीय संस्कृति और चरित्र की पहचान मजबूत होगी, देश संस्कारवान, चरित्रवान और भ्रष्टाचार-मुक्त बनेगा, और डॉलर के मुकाबले रुपये का मूल्य एवं अंतरराष्ट्रीय साख बढ़ेगी।

Indian Currency: युवाओं और विश्व के लिए प्रेरणा
उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि स्वामी विवेकानंद ने युवाओं को राष्ट्रनिर्माण का मार्ग दिखाया, जबकि महर्षि महेश योगी ने योग और ध्यान के माध्यम से भारतीय चेतना को वैश्विक स्तर पर प्रतिष्ठित किया। महर्षि महेश योगी द्वारा प्रारंभ किया गया रामराज्य डॉलर भी भारतीय आध्यात्मिक मूल्यों का अंतरराष्ट्रीय प्रतीक रहा।
सर्वसम्मति प्रस्ताव और ज्ञापन
कार्यक्रम में उपस्थित सभी गणमान्यजनों ने एक प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया और सरकार से रुपये पर स्वामी विवेकानंद एवं महर्षि महेश योगी के चित्र अंकित करने की मांग की। प्रधानमंत्री को ज्ञापन सौंपने का आह्वान भी किया गया।

Indian Currency: कार्यक्रम में उपस्थित गणमान्यजन
इस अवसर पर आयोजक नंद कुमार ओझा, कुलदीप श्रीवास्तव (दिल्ली प्रदेश, क्षेत्रीय चित्रगुप्त अखाड़ा के अध्यक्ष) सहित अनेक संत-महात्मा, विद्वान, समाजसेवी, युवा प्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने स्वामी विवेकानंद और महर्षि महेश योगी के विचारों को राष्ट्र जीवन में अपनाने की आवश्यकता पर बल दिया।
यह खबर भी पढ़ें: Madhya Pradesh Weather Update: संक्रांति बाद बदलेगा मौसम, ग्वालियर-चंबल में कड़ाके की ठंड; मावठा गिरने के आसार
समापन संदेश
कार्यक्रम का समापन राष्ट्र, समाज और विश्व शांति की मंगलकामना के साथ हुआ।





