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फैरिक सल्फेट बनाने की फैक्ट्री में क्लोरीन गैस लीकेज से हड़कंप, इंडस्ट्रियल एरिया में अफरा-तफरी, मजदूर और फायर ब्रिगेड कर्मचारी भी घायल, टोटल 5 लोग घायल

रिपोर्ट: शैलेंद्र पारे

रतलाम: जिले के जावरा में रतलाम नाका स्थित औद्योगिक क्षेत्र में शनिवार शाम उस समय हड़कंप मच गया, जब फेरिक सल्फेट पाउडर बनाने वाली एक फैक्ट्री में अचानक क्लोरीन गैस का जोरदार रिसाव हो गया, मिली जानकारी के मुताबिक लगभग 20 साल पुराने क्लोरीन गैस सिलेंडर में लीकेज के चलते यह बड़ा हादसा हुआ, गैस के तेज फैलाव से पूरा इलाका धुंध की तरह ढक गया और इंडस्ट्रियल एरिया में भगदड़ जैसे हालात बन गए, मजदूर जान बचाने के लिए इधर-उधर दौड़ते दिखाई दिए, वहीं हवा के रुख के साथ गैस तेजी से फैलने पर आसपास की कई फैक्ट्रियां भी तुरंत खाली करवाई गईं।

वही जानकारी मिलते ही प्रशासन से लेकर जनप्रतिनिधि तक मौके पर पहुंच गए, विधायक, कलेक्टर मिशा सिंह, एसपी अमित कुमार, एसडीएम सुनील जायसवाल, सीएसपी युवराज सिंह, थाना प्रभारी और नगर पालिका का अमला लगातार स्थिति पर नजर बनाए रहा, इसी दौरान गैस से प्रभावित मजदूरों को तुरंत अस्पताल पहुंचाया, गैस की चपेट में आए एक मजदूर की हालत गंभीर बताई जा रही है, जिन्हें ऑक्सीजन सपोर्ट पर भर्ती किया गया है, कई अन्य मजदूरों का भी उपचार जारी है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार हादसे के समय फैक्ट्री का कोई जिम्मेदार व्यक्ति मौके पर मौजूद नहीं था, जिससे स्थिति और बिगड़ गई, वहीं सवाल यह भी खड़ा हो रहा है कि फेरिक सल्फेट फैक्ट्री में क्लोरीन गैस का सिलेंडर आखिर क्यों रखा गया था इसका उपयोग क्या था…? प्रशासन ने इन सभी बिंदुओं पर जांच शुरू कर दी है।

दरसअल विधायक डॉ. राजेंद्र पाण्डेय ने मौके पर पहुंचकर पुराने सिलेंडरों और सुरक्षा प्रबंधन की गहन जांच के निर्देश दिए हैं, वही फायर ब्रिगेड के तीन कर्मचारी भी गैस की चपेट में आए, जिन्हें प्राथमिक उपचार के बाद रतलाम रेफर किया गया, इसी बीच मामले की गंभीरता को देखते हुए एसडीईआरएफ की टीम भी राहत-बचाव में जुटी हुई है

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