Plastic Factory Fire : रायपुर में बड़ा अग्निकांड, फैक्ट्री में लगी भीषण आग
Plastic Factory Fire : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के आमासिवनी क्षेत्र में स्थित महालेखाकार भवन के पीछे कंवल प्लास्टिक मल्टीलेयर कंपनी में भीषण आग लग गई। आग इतनी तेजी से फैली कि कुछ ही समय में पूरी फैक्ट्री इसकी चपेट में आ गई। घटना के बाद आसपास के इलाके में अफरा-तफरी और दहशत का माहौल बन गया।

Plastic Factory Fire : ज्वलनशील सामग्री के कारण बढ़ी आग की तीव्रता
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार फैक्ट्री में प्लास्टिक और ज्वलनशील केमिकल का भारी मात्रा में भंडारण किया गया था। इसी वजह से आग ने तेजी से विकराल रूप ले लिया। सबसे बड़ी बात यह सामने आई कि आग से बचाव के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए थे, जिससे हालात और गंभीर हो गए।
Plastic Factory Fire : एसडीआरएफ की शुरुआती जांच में खुलासा
मौके पर पहुंची एसडीआरएफ टीम की प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि फैक्ट्री में केवल कुछ अग्निशामक यंत्र मौजूद थे, लेकिन बड़े स्तर पर आग से निपटने के कोई ठोस इंतजाम नहीं थे। इसी लापरवाही के कारण आग पर तुरंत नियंत्रण नहीं पाया जा सका।
Plastic Factory Fire : एक दर्जन से अधिक दमकल गाड़ियां मौके पर
आग बुझाने के लिए फायर विभाग की एक दर्जन से अधिक दमकल गाड़ियां और दर्जनों फायरफाइटर्स को मौके पर तैनात किया गया। घंटों की मशक्कत के बावजूद शाम करीब 4 बजे तक भी आग पर पूरी तरह काबू नहीं पाया जा सका था।
Plastic Factory Fire : लाखों का नुकसान, लेकिन जनहानि नहीं
इस भीषण आगजनी में फैक्ट्री को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। हालांकि राहत की बात यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं मिली है। समय रहते कर्मचारियों को बाहर निकाल लिया गया था।
Plastic Factory Fire : मीडिया कवरेज के दौरान विवाद
घटना के दौरान एक और विवाद सामने आया, जब कवरेज करने पहुंचे मीडिया कर्मियों को फैक्ट्री प्रबंधन द्वारा रोकने की कोशिश की गई। इस दौरान प्रबंधन और पत्रकारों के बीच कहासुनी की स्थिति भी बन गई, जिससे माहौल कुछ देर के लिए तनावपूर्ण हो गया।
Plastic Factory Fire : एसडीआरएफ ने दी जानकारी
एसडीआरएफ के डिस्ट्रिक्ट कमांडेंट पुष्पराज सिंह ने बताया कि टीम लगातार आग बुझाने के प्रयास में जुटी हुई है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
Plastic Factory Fire : वॉक थ्रू रिपोर्ट
हिमांशु पटेल की वॉक थ्रू रिपोर्ट में मौके की भयावह स्थिति को विस्तार से दिखाया गया, जिसमें आग की तीव्रता और राहत कार्यों की चुनौतियां स्पष्ट नजर आईं।

