Munger Smack Case: बिहार के मुंगेर में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस ने कार्रवाई करते हुए सात लोगों को गिरफ्तार किया है। मामला जमालपुर थाना क्षेत्र के खलासी मोहल्ले का है, जहां पुलिस ने रेलवे क्वार्टर नंबर 220 में छापेमारी की। पुलिस के मुताबिक, मौके से 8.92 ग्राम स्मैक जैसा दिखने वाला पदार्थ, दो इलेक्ट्रॉनिक वजन मशीन, पांच मोबाइल फोन और 19 लाइटर बरामद किए गए हैं। इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है। वहीं, मुंगेर के एसपी सैयद इमरान मसूद ने बताया कि स्मैक तस्करी के तार बेगूसराय के बाद अब भागलपुर से भी जुड़ते दिखाई दे रहे हैं।
Munger Smack Case: जमालपुर के खलासी मोहल्ले में गुप्त सूचना पर छापेमारी
मुंगेर पुलिस की यह कार्रवाई जमालपुर थाना क्षेत्र के खलासी मोहल्ले में की गई। पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि रेलवे क्वार्टर नंबर 220 में कुछ लोगों द्वारा अवैध मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री की जा रही है। सूचना मिलने के बाद पुलिस ने तत्काल वरिष्ठ अधिकारियों को जानकारी दी और सदर एसडीपीओ के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया।
इस टीम में जमालपुर थानाध्यक्ष, पुलिस पदाधिकारी, सशस्त्र बल और दंडाधिकारी के रूप में बीडीओ श्वेता कुमारी शामिल थीं। टीम ने निर्धारित स्थान पर पहुंचकर छापेमारी की। पुलिस के अनुसार, वहां मौजूद सात लोग भागने की कोशिश करने लगे, लेकिन घेराबंदी कर सभी को पकड़ लिया गया।
Munger Smack Case: पुलिस ने सात आरोपियों को किया गिरफ्तार
पुलिस की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कृष्णा साह, प्रीतम कुमार, सागर कुमार, सोनू कुमार उर्फ देवेन कुमार, गोविंद कुमार, छोटू कुमार और स्वास्तिक कुमार के रूप में हुई है। पुलिस ने सभी को हिरासत में लेकर मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने 8.92 ग्राम स्मैक जैसा दिखने वाला पदार्थ बरामद किया। इसके अलावा दो इलेक्ट्रॉनिक वजन मशीन, पांच मोबाइल फोन और 19 लाइटर भी जब्त किए गए हैं। पुलिस ने बरामद सामान की जब्ती सूची तैयार की है। हालांकि, बरामद पदार्थ की प्रकृति और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच की जा रही है।
Munger Smack Case: NDPS एक्ट के तहत दर्ज हुआ मामला
इस मामले में जमालपुर थाना कांड संख्या 152/26 दर्ज किया गया है। पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट की धारा 8(सी), 21(बी), 22(बी) और 29 के तहत कार्रवाई की है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि कथित तौर पर मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री में और कौन-कौन लोग शामिल हो सकते हैं।
जांच के दौरान पुलिस तस्करी से जुड़े संभावित संपर्कों और नेटवर्क की भी पड़ताल कर रही है। अधिकारियों का प्रयास है कि इस मामले में गिरफ्तार आरोपियों के अलावा यदि अन्य लोगों की भूमिका सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी नियमानुसार कार्रवाई की जा सके।
Munger Smack Case: बेगूसराय के बाद भागलपुर से जुड़ रहे तस्करी के तार
मुंगेर के एसपी सैयद इमरान मसूद ने नशे के कारोबार को लेकर अहम जानकारी दी है। एसपी के मुताबिक, बेगूसराय के बाद अब भागलपुर से भी स्मैक तस्करी के संबंध सामने आ रहे हैं। पुलिस इन कड़ियों की जांच कर रही है, ताकि अवैध कारोबार से जुड़े नेटवर्क का पता लगाया जा सके।
हालांकि, तस्करी के पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका को लेकर जांच अभी जारी है। पुलिस की जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
Munger Smack Case: शराबबंदी के बाद सूखे नशे का कारोबार बनी चुनौती
बिहार में शराबबंदी के बाद स्मैक और ब्राउन शुगर जैसे मादक पदार्थों की तस्करी और सेवन को लेकर चिंता जताई जाती रही है। खासकर युवाओं में नशे की लत को लेकर परिवारों और समाज के सामने गंभीर चुनौतियां हैं। पुलिस लगातार छापेमारी और गिरफ्तारी के जरिए इस तरह के अवैध कारोबार पर रोक लगाने की कोशिश कर रही है।
जमालपुर में हुई इस कार्रवाई के बाद अब जांच का अहम पहलू यह है कि कथित नशा कारोबार से जुड़े दूसरे लोगों तक पुलिस पहुंच पाती है या नहीं। साथ ही, बेगूसराय और भागलपुर से जुड़े संभावित संपर्कों की जांच में क्या जानकारी सामने आती है, इस पर भी नजर रहेगी।


