“अंग्रेज का बच्चा” कहकर उड़ाया गया मजाक, नील नितिन मुकेश के करियर में बना बाधा उनका रंग-रूप

- Advertisement -
Swadesh NewsAd image

BY: Yoganand Shrivastva

बॉलीवुड में कई कलाकार ऐसे रहे हैं जिन्होंने बचपन से ही अभिनय की दुनिया में कदम रख दिया था। इन्हीं में एक नाम है नील नितिन मुकेश का, जो प्रसिद्ध गायक नितिन मुकेश के बेटे और महान गायक मुकेश के पोते हैं। नील ने महज 6 साल की उम्र में 1988 में आई फिल्म ‘विजय’ में बतौर बाल कलाकार काम किया था। हालांकि, फिल्मी परिवार से संबंध होने के बावजूद, नील को फिल्म इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाने के लिए कड़ा संघर्ष करना पड़ा।

करियर में सामने आईं मुश्किलें

हाल ही में एक इंटरव्यू में नील ने अपने करियर से जुड़े संघर्षों को साझा किया। उन्होंने बताया कि उनके विदेशी जैसे लुक्स और पारिवारिक पृष्ठभूमि के चलते लोग अक्सर उन पर शक करते थे। कई बार उन्हें ‘अंग्रेज का बच्चा’ तक कहा जाता था। उनके रंग-रूप को देखकर यह सवाल भी उठते थे कि क्या वह हिंदी भाषा में अच्छी तरह संवाद कर पाएंगे या हिंदी सिनेमा में फिट हो पाएंगे। ये पूर्वाग्रह उनके करियर के शुरुआती दिनों में बड़ी चुनौती बन गए थे।

पहली फिल्म से पहले का डर

जब नील से पूछा गया कि करियर की शुरुआत में क्या उन्हें किसी डर का सामना करना पड़ा, तो उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी डर को खुद पर हावी नहीं होने दिया। हालांकि, समाज के नजरिए और अपेक्षाओं ने उनकी राह कठिन जरूर बना दी थी। नील ने यह भी माना कि एक मशहूर गायक के बेटे और दिग्गज कलाकार के पोते होने के कारण उन पर खुद को साबित करने का दबाव काफी अधिक था।

रंग-रूप पर सवाल और संघर्ष

नील ने बताया कि कई बार उनके हिंदी बोलने की क्षमता पर भी सवाल उठाए गए। उनके फिरंगी जैसे दिखने की वजह से लोगों को शक होता था कि क्या वह भारतीय फिल्मों में खुद को सही ढंग से साबित कर पाएंगे। लेकिन नील ने इन सभी आलोचनाओं और संदेहों को अपनी ताकत बनाते हुए मेहनत से अपनी पहचान बनाई।

नील नितिन मुकेश का फिल्मी सफर

शुरुआत में आलोचनाओं का सामना करने के बावजूद नील ने हार नहीं मानी। उन्होंने बाल कलाकार के रूप में ‘विजय’ और ‘जैसी करनी वैसी भरनी’ जैसी फिल्मों में काम किया। 2002 में फिल्म ‘मुझसे दोस्ती करोगे’ में उन्होंने सहायक निर्देशक के तौर पर भी अनुभव हासिल किया। 2007 में फिल्म ‘जॉनी गद्दार’ के जरिए उन्होंने मुख्य अभिनेता के रूप में बॉलीवुड में अपनी शुरुआत की। उनकी हालिया फिल्म ‘हिसाब बराबर’ वर्ष 2024 में रिलीज़ हुई थी।

ओडिशा की VSSUT ने क्यों उठाया सख्त कदम? 100 छात्रों पर जुर्माना और निष्कासन..यह भी पढ़े

Ramnavmi : भिलाई में 26 मार्च को भव्य रामनवमी आयोजन, 1 लाख परिवारों के अन्न से बनेगा महाप्रसाद

Ramnavmi : 41 वर्षों की परंपरा, शोभायात्राओं और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ

Madhya Pradesh : दूरदर्शी सोच, कर्मठ नेतृत्व और जनहित की प्रतिबद्धता के प्रतीक मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव

Madhya Pradesh : लोकप्रिय मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव का जन्मदिवस प्रदेशवासियों के

Trump-Modi-Call : जंग के बीच ट्रम्प और मोदी की फोन पर बातचीत, होर्मुज स्ट्रेट खुला रखने पर जोर

Trump-Modi-Call : रिपोर्ट्स में दावा, ईरान भी अमेरिका से बातचीत को तैयार

Chhattisgarh : गरियाबंद में घर निर्माण के दौरान युवक करंट की चपेट में, गंभीर रूप से घायल

Chhattisgarh : फिंगेश्वर के पुराना बस स्टैंड क्षेत्र में 11 केवी करंट

New Delhi देश का पहला ‘इच्छा मृत्यु’ मामला: 13 साल कोमा में रहे हरीश राणा का एम्स में निधन

New Delhi गाजियाबाद के हरीश राणा, जिन्हें भारतीय न्यायपालिका के इतिहास में

Bhubaneswar: थाने के भीतर खूनी संघर्ष, पुलिस के सामने ही चलीं चाकुओं की धार; 13 आरोपी गिरफ्तार

Bhubaneswar : ओडिशा की राजधानी से कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाली एक

Madhya Pradesh लंबित भर्तियों में नियुक्ति प्रक्रिया को शीघ्र करें पूर्ण: उप मुख्यमंत्री

Madhya Pradesh मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री श्री राजेंद्र शुक्ल ने मंत्रालय

Chhattisgarh : रायपुर में बच्चों के अधिकारों पर प्रदेश स्तरीय कार्यशाला, सुरक्षा और संरक्षण पर मंथन

Chhattisgarh : मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और आयोग अध्यक्ष वर्णिका शर्मा की मौजूदगी

RAIPUR NEWS : मेकाहारा अस्पताल से हत्या के प्रयास का सजायाफ्ता कैदी फरार

RAIPUR NEWS : हथकड़ी समेत भागा कैदी साहेब कुमार, इलाज के दौरान

Deoria में कच्ची शराब का बड़ा खुलासा, 7 गिरफ्तार, भट्ठा मालिक फरार

Report by: Sonu Deoria: उत्तरप्रदेश के देवरिया में अवैध कच्ची शराब के