BY: Yoganand Shrivastva
भोपाल: गुरुवार को जिला प्रशासन ने मछली परिवार की करोड़ों की संपत्ति पर बड़ी कार्रवाई की। ड्रग तस्करी और रेप मामले में आरोपी रहे यासीन और शाहवर मछली के परिवार की तीन मंजिला कोठी को प्रशासन ने जमींदोज कर दिया। कार्रवाई से पहले घर में रखा सामान बाहर निकलवाया गया।
प्रशासनिक कार्रवाई
हथाईखेड़ा इलाके में बनी यह कोठी लगभग 15 हजार वर्गफीट में फैली हुई थी, जिसकी अनुमानित कीमत 25 करोड़ रुपये बताई जा रही है। प्रशासन और नगर निगम की टीम के साथ मौके पर लगभग 400 पुलिसकर्मी सुरक्षा में तैनात रहे। एसडीएम विनोद सोनकिया ने बताया कि कोठी पूरी तरह सरकारी जमीन पर बनी थी, इसलिए इसे गिराया गया।
कोठी की भव्यता
- निर्माण वर्ष: 1990
- कुल क्षेत्रफल: 15,000 वर्गफीट
- तीन मंजिला इमारत में 30 से ज्यादा कमरे
- कीमत: लगभग 20–25 करोड़ रुपये
- परिसर में गार्डन, गैराज और बच्चों के खेलने की जगह भी बनाई गई थी
पीड़ित की गुहार
तोड़फोड़ के दौरान राजेश तिवारी नामक व्यक्ति तिरंगा लेकर मौके पर पहुंचा और बताया कि मछली परिवार ने उसे पहले भी बंधक बनाकर मारा-पीटा था और नशीला पदार्थ दिया था। तिवारी का आरोप है कि पुलिस को सबूत देने के बावजूद अब तक उचित कार्रवाई नहीं हुई।
कानूनी पक्ष
मछली परिवार के वकील ने आरोप लगाया कि बिना नोटिस दिए प्रशासन ने यह कार्रवाई की है, जो सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के विपरीत है। उनका कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया नियमों को ताक पर रखकर की गई।
इससे पहले की बड़ी कार्रवाई
30 जुलाई को भी प्रशासन ने मछली परिवार की करीब 100 करोड़ रुपये की अवैध संपत्तियों पर बुलडोजर चलाया था। उस दौरान 50 एकड़ से अधिक जमीन पर बने फार्म हाउस, वेयरहाउस और अन्य निर्माण ध्वस्त किए गए थे।
आपराधिक पृष्ठभूमि
हाल ही में शाहवर मछली और उसका भतीजा यासीन, कॉलेज छात्राओं से जुड़े रेप और ब्लैकमेलिंग केस में गिरफ्तार हुए थे। इनके पास से ड्रग्स और अवैध हथियार भी जब्त हुए थे। जांच में पता चला कि ये राजस्थान से नशे का सामान लाकर भोपाल के पब और लाउंज में सप्लाई करते थे। यासीन के मोबाइल से कई आपत्तिजनक वीडियो भी मिले हैं।





