BY: Yoganand Shrivastva
नोएडा: कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद देशभर में सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर आ गई हैं। नोएडा के जेवर स्थित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर भी सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक मजबूत करने के निर्देश जारी किए गए हैं।
गौरतलब है कि नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट को पहले ही ‘रेड जोन’ यानी ‘नो-ड्रोन फ्लाई जोन’ घोषित किया जा चुका है। नागर विमानन मंत्रालय, नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) और विभिन्न सुरक्षा एजेंसियों के आदेशानुसार 8 अक्टूबर 2024 से यह क्षेत्र ड्रोन उड़ाने के लिए प्रतिबंधित कर दिया गया था।
क्या है रेड जोन का मतलब?
रेड जोन के तहत एयरपोर्ट के ऊपर और इसके आसपास के इलाकों में ड्रोन या किसी भी प्रकार के अनमैन्ड एरियल व्हीकल (UAV) उड़ाना पूरी तरह से निषेध है। यह नियम यात्रियों की सुरक्षा और एयरपोर्ट के हवाई संचालन की निगरानी को सुनिश्चित करने के लिए लागू किया गया है।
अगर कोई व्यक्ति या संस्था बिना अनुमति के इस क्षेत्र में ड्रोन उड़ाते हुए पकड़ा जाता है तो उसके खिलाफ भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण अधिनियम 1934 और यूएवी संचालन से जुड़े नियमों के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। नागरिकों से अपील की गई है कि वे इन नियमों का सख्ती से पालन करें और हवाई अड्डे की सुरक्षा में सहयोग दें।
पहलगाम आतंकी हमला: देश में आक्रोश
22 अप्रैल 2025 को जम्मू-कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र के बैसरन घाटी में दोपहर लगभग 2:45 से 3:00 बजे के बीच आतंकियों ने एक दर्दनाक हमला किया था। आतंकवादियों ने पहले पर्यटकों से उनका नाम, धर्म और पहचान पत्र पूछे, और कुछ लोगों से कलमा पढ़ने के लिए भी कहा। इसके बाद पुरुषों को अलग कर गोलियां चलाईं गईं। इस हमले में 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई।
इस वीभत्स घटना ने पूरे देश को झकझोर कर रख दिया है। सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई तेज कर दी है और आतंकियों के खिलाफ सख्त ऑपरेशंस जारी हैं।
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