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भिंड में विधायक ने दीनदयाल रसोई और स्कूल भोजन व्यवस्था पर जताई नाराजगी – घटिया गुणवत्ता पर जताई कड़ी आपत्ति

BY: Yoganand Shrivastva

भिंड |: शहर में संचालित दीनदयाल रसोई योजना और सीएम राइज स्कूल के मध्याह्न भोजन की स्थिति का निरीक्षण करने पहुंचे भिंड विधायक नरेंद्र सिंह कुशवाह ने भोजन की गुणवत्ता को लेकर गंभीर चिंता जताई। निरीक्षण के दौरान दोनों स्थानों पर खाने की हालत बेहद खराब पाई गई।


दीनदयाल रसोई में न रोटी, न स्वाद – सिर्फ नाम का खाना!

नगर पालिका कार्यालय के पास संचालित दीनदयाल रसोई में विधायक ने देखा कि लोगों को बहुत पतली सब्जी और चावल परोसे जा रहे थे, लेकिन रोटियों की व्यवस्था नहीं थी।
स्थानीय नागरिकों ने शिकायत की कि ₹5 में मिलने वाली थाली में यदि अतिरिक्त खाना मांगा जाए, तो फिर से उतने ही रुपए लिए जाते हैं।
हालांकि रजिस्टर में 100 से अधिक लाभार्थियों का नाम दर्ज था, मौके पर बहुत कम लोग उपस्थित मिले।


स्कूल में 1500 बच्चों के लिए सिर्फ 500 ग्राम तेल!

सीएम राइज स्कूल, क्वाटरजीन में भोजन की हालत और भी खराब थी।
यहां 1500 विद्यार्थियों के लिए महज़ 500 ग्राम सरसों तेल का उपयोग किया जा रहा था।
सब्जी में केवल आलू और नाममात्र मसाले डाले जा रहे थे, जिससे स्वाद और पोषण दोनों प्रभावित हो रहे थे।


दीनदयाल रसोई स्थानांतरित करने का निर्देश

भोजन की बदतर स्थिति देखते हुए विधायक कुशवाह ने निर्देश दिए कि रसोई को जिला अस्पताल परिसर में स्थानांतरित किया जाए, ताकि असली ज़रूरतमंदों को इसका लाभ मिल सके।
उक्त रसोई और स्कूल भोजन की ज़िम्मेदारी आसरा महिला स्व-सहायता समूह के पास है, जिसे भुजबल सिंह तोमर संचालित करते हैं।


विधायक का स्पष्ट संदेश: “खाद्य गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं”

विधायक कुशवाह ने कहा कि

“चाहे गरीब हों या बच्चे – उनके खाने की गुणवत्ता में कोई लापरवाही नहीं चलेगी। ऐसे मामलों में तत्काल सुधार जरूरी है।”

निरीक्षण के दौरान एसडीएम अखिलेश शर्मा, सीएमओ यशवंत वर्मा सहित नगर निगम और प्रशासन के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।

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