BY: Yoganand Shrivastva
ग्वालियर के गंगा मालनपुर इलाके से एक बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है। शनिवार रात 22 वर्षीय एक युवती ने छेड़छाड़ और मानसिक उत्पीड़न से तंग आकर फांसी लगाकर आत्महत्या की कोशिश की। घटना के समय घर में कोई अन्य सदस्य मौजूद नहीं था। जब परिजनों को पता चला तो तुरंत उसे पास के निजी अस्पताल ले जाया गया। फिलहाल युवती की हालत गंभीर बनी हुई है और वह आईसीयू में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रही है।
घटना का विवरण
यह घटना ग्वालियर के पुरानी छावनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत गंगा मालनपुर इलाके की है। पीड़िता एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता है और रोज की तरह शनिवार शाम भी ड्यूटी खत्म कर घर लौटी थी। रिपोर्ट के अनुसार वह डिप्रेशन में थी और घर आते ही सीधे अपने कमरे में चली गई। थोड़ी देर बाद जब मां उसे बुलाने गईं, तो बेटी को फंदे पर लटका पाया। शोर मचाते हुए परिजनों ने तत्काल फंदा काटा और उसे अस्पताल पहुंचाया।
लंबे समय से था उत्पीड़न, शिकायत भी की थी
परिजनों के अनुसार, युवती को उसी के समाज का मनीष कुशवाह नामक युवक काफी समय से परेशान कर रहा था। वह रास्ते में रोकता, आपत्तिजनक टिप्पणियां करता और पीछा करता था। इस उत्पीड़न से तंग आकर युवती ने कुछ हफ्ते पहले अपनी मां के साथ पुरानी छावनी थाना पहुंचकर आरोपी के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। पुलिस ने उस समय आरोपी को थाने बुलाकर पूछताछ की थी।
सामाजिक दबाव बना आत्मघाती कारण
पुलिस कार्रवाई के शुरुआती कदम के बावजूद, सामाजिक दबाव और आरोपी पक्ष के दबाव के चलते युवती और उसके परिवार ने 15 दिन पहले शिकायत वापस ले ली और मामला आपसी सहमति से सुलझा लेने का निर्णय लिया। लेकिन परिजनों के अनुसार युवक की हरकतें बंद नहीं हुईं। शनिवार को भी आरोपी ने कथित तौर पर उसे परेशान किया, जिसके बाद युवती ने मानसिक तनाव में यह आत्मघाती कदम उठाया।
पुलिस जांच जारी, आरोपी की भूमिका की होगी पड़ताल
पुरानी छावनी थाना प्रभारी क्षमा राजौरिया ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए हर पहलू की जांच की जा रही है। यह स्पष्ट नहीं है कि आत्महत्या की कोशिश के पीछे वही युवक प्रमुख कारण है या कोई और वजह भी रही। उन्होंने बताया कि युवती द्वारा दर्ज की गई पूर्व शिकायत और उसके बाद के घटनाक्रमों की जांच की जा रही है।
परिजन सदमे में, अस्पताल में जारी है इलाज
युवती के परिवार वाले गहरे सदमे में हैं और लगातार उसके स्वास्थ्य को लेकर परेशान हैं। बहोड़ापुर स्थित निजी अस्पताल में उसका इलाज जारी है और डॉक्टरों का कहना है कि स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है।





