BY: MOHIT JAIN
भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 21 सितंबर को मोरक्को की राजधानी रबात में भारतीय समुदाय से मिले। इस दौरान उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर, आतंकवाद, भारत की अर्थव्यवस्था, प्रौद्योगिकी, स्टार्टअप और डिजिटल क्रांति जैसे कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर अपने विचार साझा किए।
मोरक्को में पहली भारतीय रक्षा मंत्री की यात्रा
राजनाथ सिंह मोरक्को की दो दिवसीय यात्रा पर हैं। यह किसी भारतीय रक्षा मंत्री की मोरक्को की पहली यात्रा है। इस दौरान उन्होंने टाटा एडवांस्ड सिस्टम्स की अफ्रीका में पहली भारतीय रक्षा विनिर्माण इकाई का उद्घाटन किया। रक्षा मंत्री ने अपने समकक्ष अब्देलतीफ लौदियी के साथ द्विपक्षीय बैठकें भी कीं और मोरक्को में रहने वाले भारतीय समुदाय को संबोधित किया।
“हमें यह नहीं भूलना चाहिए कि हम भारतीय हैं”
भारतीय समुदाय के साथ बातचीत में राजनाथ सिंह ने कहा:
“भारत के प्रति हमारी भक्ति और प्रेम स्वाभाविक है। दुनिया में कहीं भी रहें, हमें यह कभी नहीं भूलना चाहिए कि हम भारतीय हैं। भारतीय होने के नाते हमारी जिम्मेदारियां भी अनूठी हैं।”
उन्होंने यह भी कहा कि भारत का चरित्र हमेशा नैतिक और जिम्मेदार रहेगा।
पीओके पर कड़ा संदेश
राजनाथ सिंह ने कहा:
“PoK अपने आप हमारा होगा। हमने कभी जोर-जबर्दस्ती की जरूरत नहीं पड़ी, पीओके खुद कहेगा, ‘मैं भी भारत हूं’।”
#WATCH | Rabat, Morocco: At the interaction with the Indian community in Morocco, Defence Minister Rajnath Singh says, "PoK will be ours on its own. Demands have started being made in PoK, you must have heard sloganeering. I was addressing the Indian Army at a program in Kashmir… pic.twitter.com/IYtk4pSn50
— ANI (@ANI) September 22, 2025
उन्होंने बताया कि भारत ने आतंकवादियों के खिलाफ हमेशा सटीक और न्यायपूर्ण कार्रवाई की है, बिना किसी नागरिक या सैन्य प्रतिष्ठान को निशाना बनाए।
“जिन्ह मोहि मारा, तिन्ह मोहि मारे। हमने केवल उन्हीं लोगों को मारा जिन्होंने हमारे लोगों को नुकसान पहुंचाया।”
ऑपरेशन सिंदूर और आतंकवाद पर प्रतिक्रिया
रक्षा मंत्री ने कहा कि भारत ने सीमा के अंदर नहीं, बल्कि 100 किलोमीटर अंदर जाकर आतंकवादी ठिकानों को तबाह किया। उन्होंने यह भी बताया कि जैश-ए-मोहम्मद के आतंकवादी कह रहे थे कि भारत ने मसूद अजहर के परिवार को तोड़ दिया।
“पाकिस्तान ने युद्धविराम की मांग की और भारत ने इसे स्वीकार किया। हम अच्छे संबंध चाहते हैं, पर अगर आतंकवाद जारी रहा तो जवाब भी मिलेगा।”
भारत की वैश्विक ताकत और स्टार्टअप सफलता
राजनाथ सिंह ने कहा कि आज दुनिया भारत की बात सुनती है और उसे गंभीरता से लेती है। भारत सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में से एक है।
उन्होंने स्टार्टअप क्षेत्र की सफलता का भी जिक्र किया:
- 2014 में भारत में केवल 500 स्टार्टअप थे, अब संख्या बढ़कर 1.60 लाख हो गई है।
- भारत में यूनिकॉर्न कंपनियों की संख्या 18 से बढ़कर 118 हो गई है।
राजनाथ सिंह का मोरक्को दौरा न केवल भारत की वैश्विक छवि को मजबूत करता है, बल्कि भारतीय समुदाय और रक्षा नीतियों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है। पीओके पर उनका स्पष्ट संदेश और आतंकवाद के खिलाफ दृढ़ रुख भारत की सशक्त और नैतिक विदेश नीति को उजागर करता है।





