Hormuz Strait Ship Attack : मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य में एक मालवाहक जहाज पर हमला होने की घटना सामने आई है। इस हमले में जहाज में आग लग गई और चालक दल को आपात स्थिति में जहाज छोड़ना पड़ा। राहत एवं बचाव अभियान के दौरान कई लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया है, जबकि तीन नाविक अब भी लापता बताए जा रहे हैं।
जानकारी के अनुसार यह थाई पंजीकरण वाला मालवाहक जहाज “मायुरी नारी” संयुक्त अरब अमीरात के खलीफा बंदरगाह से रवाना होकर भारत के गुजरात स्थित कंडला बंदरगाह की ओर आ रहा था। जहाज जब होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजर रहा था, उसी दौरान उस पर अज्ञात प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ। हमले के बाद जहाज में भीषण आग लग गई और दूर से काला धुआं उठता दिखाई दिया।
Hormuz Strait Ship Attack : चालक दल ने छोड़ा जहाज
हमले के बाद जहाज पर मौजूद चालक दल ने स्थिति बिगड़ते देख जीवन राफ्ट के सहारे जहाज छोड़ दिया। समुद्र में बचाव अभियान चलाकर अब तक 20 चालक दल के सदस्यों को सुरक्षित निकाल लिया गया है। हालांकि तीन नाविक अभी भी लापता बताए जा रहे हैं और उनकी तलाश जारी है।
Hormuz Strait Ship Attack : ओमान के पास हुआ हमला
समुद्री सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार यह घटना ओमान के उत्तर में करीब 11 नॉटिकल मील की दूरी पर हुई। जहाज करीब 178 मीटर लंबा बल्क कैरियर बताया जा रहा है और इसकी क्षमता लगभग 30 हजार टन है। यह जहाज थाई शिपिंग कंपनी के स्वामित्व में बताया गया है।

Hormuz Strait Ship Attack : इंजन रूम को हुआ नुकसान
हमले में जहाज के इंजन रूम को गंभीर नुकसान पहुंचा है, जिसके कारण जहाज का नियंत्रण प्रभावित हुआ। घटना के बाद जहाज से उठते धुएं और समुद्र में तैरते लाइफ राफ्ट की तस्वीरें सामने आई हैं। फिलहाल जहाज में लगी आग पर काबू पा लिया गया है, लेकिन नुकसान का आकलन अभी जारी है।
Hormuz Strait Ship Attack : जांच में जुटी एजेंसियां
थाई नौसेना और अन्य समुद्री एजेंसियों ने इस हमले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि हमला किसने और किस उद्देश्य से किया। क्षेत्र में मौजूद जहाजों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की तुरंत सूचना देने की सलाह दी गई है।
Hormuz Strait Ship Attack : वैश्विक समुद्री मार्ग पर बढ़ी चिंता
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक माना जाता है। वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति का बड़ा हिस्सा इसी रास्ते से गुजरता है और दुनिया के लगभग एक-पांचवें तेल निर्यात का परिवहन यहीं से होता है। हाल के दिनों में इस क्षेत्र में बढ़ते तनाव के कारण कई जहाजों पर हमलों की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे अंतरराष्ट्रीय शिपिंग पर असर पड़ रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार बढ़ रही ऐसी घटनाएं वैश्विक समुद्री सुरक्षा के लिए नई चुनौती बन सकती हैं। फिलहाल लापता नाविकों की तलाश जारी है और जहाज की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।

