BY: MOHIT JAIN
दिल्ली के वसंत कुंज स्थित श्री शारदा इंस्टिट्यूट ऑफ इंडियन मैनेजमेंट के पूर्व संचालक स्वामी चैतन्यानंद सरस्वती पर छात्राओं के साथ यौन शोषण और अभद्र व्यवहार के गंभीर आरोप लगे हैं। आरोपी इस समय फरार है और दिल्ली पुलिस उसकी तलाश में जुटी हुई है।
छात्राओं का आरोप है कि स्वामी चैतन्यानंद ने उन्हें अश्लील मैसेज भेजे, गंदी भाषा का इस्तेमाल किया और शारीरिक उत्पीड़न किया। कुछ फैकल्टी और प्रशासनिक कर्मचारी भी कथित तौर पर आरोपी के दबाव में छात्राओं से अवैध मांगें मानने को कहती थीं।
दिल्ली पुलिस की कार्रवाई और जांच

शिकायत मिलने के बाद वसंत कुंज नॉर्थ पुलिस स्टेशन ने मामला दर्ज किया और जांच शुरू की।
- पुलिस ने इंस्टिट्यूट के CCTV फुटेज अपने कब्जे में ले लिए।
- संस्थान के बेसमेंट से आरोपी की वोल्वो कार जब्त की गई, जिस पर फर्जी डिप्लोमैटिक नंबर प्लेट लगी हुई थी।
- आरोपी के ठिकानों पर कई छापेमारी की गई, लेकिन वह अब तक फरार है।
पुलिस की जांच में कुल 32 छात्राओं के बयान दर्ज किए गए, जिनमें 17 छात्राओं ने सीधे तौर पर यौन शोषण और अभद्र व्यवहार के आरोप लगाए।
शृंगेरी मठ का बयान
इस घटना के बाद शृंगेरी (कर्नाटक) स्थित दक्षिणाम्नाय श्रीशारदापीठ ने स्पष्ट किया कि स्वामी चैतन्यानंद के खिलाफ सभी सम्बन्ध समाप्त कर दिए गए हैं। उनके कार्य अवैध और अनुचित पाए गए और पीठ के हितों के खिलाफ रहे।
श्रीशारदा इंस्टिट्यूट की संचालन परिषद ने आश्वासन दिया है कि छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी और उनकी पढ़ाई या कार्यक्रमों में किसी प्रकार की बाधा नहीं आने दी जाएगी।
FIR और आरोपी की वर्तमान स्थिति
दिल्ली पुलिस ने स्वामी चैतन्यानंद के खिलाफ महिला, छात्राओं से यौन शोषण और धोखाधड़ी के मामले दर्ज किए हैं। आरोपी की आखिरी लोकेशन आगरा में मिली थी।
जांच में सामने आया कि 4 अगस्त 2025 को शृंगेरी मठ के एडमिनिस्ट्रेटर ने शिकायत दर्ज कराई थी कि EWS स्कॉलरशिप पर PGDM कर रही छात्राओं के साथ आरोपी ने गलत हरकतें की थीं।
पुलिस ने आरोपी की तलाश के लिए लगातार दबिश दी है और उसकी गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।
दिल्ली के इस प्रतिष्ठित मैनेजमेंट इंस्टिट्यूट में छात्रों के साथ इस प्रकार के मामलों से शैक्षणिक संस्थानों में सुरक्षा और जवाबदेही पर सवाल उठते हैं। पुलिस और प्रशासन की सक्रिय कार्रवाई इस दिशा में अहम साबित हो सकती है।





