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स्वदेश स्पेशल

इमरजेंसी 1975

1975 की इमरजेंसी: भारत का वो दौर जब लोकतंत्र खतरे में था

1975 की इमरजेंसी: भारतीय लोकतंत्र का काला अध्याय, जो भारत को ‘चीन’ बना सकता था भारत के इतिहास में 25 जून 1975 की तारीख हमेशा एक काले अध्याय के रूप में याद की जाती है। आज उस आपातकाल (Emergency) को पूरे 50 साल पूरे हो चुके हैं। 1975 से 1977

श्रीशैलम मंदिर से मिला भारत का सबसे पुराना धूमकेतु (कॉमेट) रिकॉर्ड

1456 का धूमकेतु और आंध्रप्रदेश का श्रीशैलम मंदिर: इतिहास की खोई हुई कड़ी

हाइलाइट्स:✔️ आंध्र प्रदेश के श्रीशैलम मंदिर में मिला 1456 CE का ताम्रपत्र✔️ हेलीस कॉमेट के ऐतिहासिक दर्शन का सबसे पुराना भारतीय उल्लेख✔️ श्रीशैलम मंदिर: जहां एक साथ स्थित हैं ज्योतिर्लिंग और शक्तिपीठ✔️ कॉमेट्स, उल्कापिंड और उल्का वर्षा का वैज्ञानिक व पौराणिक महत्व हेलीस कॉमेट का सबसे पुराना भारतीय रिकॉर्ड मिला

25 जून 1975

25 जून 1975: जब एक महिला प्रधानमंत्री ने देश को चुप करवा दिया — लौह महिला या तानाशाह?

25 जून 1975 — वो तारीख, जो भारतीय लोकतंत्र पर हमेशा एक काला धब्बा बनकर रहेगी। आज ठीक 49 साल हो गए, जब देश की तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने एक ऐसा फैसला लिया, जिसने भारत को लोकतंत्र से तानाशाही की ओर धकेल दिया। ये फैसला था — देश में

1975 की इमरजेंसी

1975 की इमरजेंसी: देश बचाने का फैसला या सत्ता बचाने की चाल?

साल 1975, भारतीय राजनीति में ऐसा तूफान आया जिसने देश के लोकतंत्र की जड़ों को हिला कर रख दिया। 25 जून 1975 को उस समय की प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने देश में आपातकाल (Emergency) की घोषणा कर दी। इसके साथ ही भारत के नागरिकों के मौलिक अधिकार छीन लिए गए

ओशो इजराइल भविष्यवाणी

इजराइल का भविष्य क्या ओशो पहले ही बता गए थे? जानिए पूरी हकीकत

इजराइल और फिलिस्तीन का मुद्दा दशकों से दुनिया भर में बहस और संघर्ष का कारण रहा है। लेकिन आज जब ईरान और इजराइल के बीच तनाव चरम पर है, तब 40 साल पहले महान दार्शनिक ओशो की कही बातें एक बार फिर चर्चा में हैं। ओशो ने इजराइल के भविष्य

DRDO ने तैयार किया बंकर बस्टर वर्जन ऑफ अग्नि-5

अग्नि-5 मिसाइल का बंकर बस्टर वर्जन तैयार, पाकिस्तान की चिंता बढ़ी

हाल ही में अमेरिका ने ईरान की न्यूक्लियर साइट्स पर ‘बंकर बस्टर’ बम का इस्तेमाल कर पूरी दुनिया का ध्यान खींचा। अब इसी तर्ज पर भारत भी अपनी सैन्य शक्ति को एक नई ऊंचाई पर ले जाने की तैयारी में जुटा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, भारत की डिफेंस रिसर्च एंड

b2-bomber-indian-designer-naushir-gowadia-story

इजरायल-ईरान युद्ध में चमका B-2 बमबर, डिज़ाइनर भारतीय, मगर आज जेल में

इजरायल-ईरान युद्ध में अगर कोई तकनीक ने सबका ध्यान खींचा है तो वह है अमेरिका का B-2 स्पिरिट स्टेल्थ बमबर। इसकी एंट्री के बाद युद्ध की दिशा ही बदल गई। लेकिन क्या आप जानते हैं, इस अदृश्य बमबर के पीछे जिस वैज्ञानिक का सबसे बड़ा योगदान है, वो भारतीय मूल

सतोशी नाकामोटो

सतोशी नाकामोटो: 120 अरब डॉलर के बावजूद क्यों गायब हुआ यह रहस्यमय शख्स?

बिटकॉइन, दुनिया की पहली डिजिटल करेंसी, ने वित्तीय दुनिया में क्रांति ला दी है। लेकिन इसके निर्माता, सतोशी नाकामोटो, आज भी एक रहस्य बने हुए हैं। कौन है यह व्यक्ति (या समूह)? बिटकॉइन बनाने के बाद वह गायब क्यों हो गया? और क्यों उसके पास 1.1 मिलियन बिटकॉइन (लगभग 120 अरब डॉलर) होने के

ज्ञानवापी युद्ध naga sadhuज्ञानवापी युद्ध naga sadhu

ज्ञानवापी युद्ध: जब काशी की गलियों में धर्म के लिए खून बहा

एक भूली हुई कहानी, जो आज भी जिंदा है यह सिर्फ एक कहानी नहीं, हमारी आस्था, अस्तित्व और साहस की कहानी है। ऐसा संघर्ष जिसे इतिहास की किताबों में कहीं कोने में छुपा दिया गया। लेकिन काशी की इस लड़ाई को जितना दबाया गया, उतनी ही बार वह और ताकत

Casio F91W

Casio F91W: कैसे 1700 रुपये की घड़ी बनी आतंकवादियों की पहचान | पूरी कहानी

क्या आपने कभी सोचा है कि एक साधारण दिखने वाली घड़ी भी दुनिया भर की सुरक्षा एजेंसियों के लिए सिरदर्द बन सकती है? एक ऐसी घड़ी, जिसकी कीमत मात्र 1700 रुपये है, लेकिन उसका नाम सुनते ही खुफिया एजेंसियां अलर्ट हो जाती हैं। हम बात कर रहे हैं Casio F91W