Jamui मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ‘समृद्धि यात्रा’ बुधवार को भगवान महावीर की जन्मस्थली लछुआड़ पहुँची। जनसंवाद सभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने जमुई जिले के विकास के लिए 602 करोड़ रुपये की विभिन्न योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस दौरान उन्होंने कुंडा घाट को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए उसका विधिवत उद्घाटन भी किया।
Jamui महिलाओं का हुजूम और नीतीश का ‘कनेक्ट’
सभा में सबसे खास बात हजारों की संख्या में पहुँची महिलाओं की भीड़ रही। जब कड़ी धूप के कारण कुछ महिलाएं सभा छोड़कर जाने लगीं, तो मुख्यमंत्री ने मंच से ही मुस्कुराते हुए उन्हें रोका। उन्होंने कहा, “अरे रुकिए! अभी तो हम कुछ बोले ही नहीं हैं, कहाँ जा रही हैं? रुक जाइए।” मुख्यमंत्री की इस आत्मीय अपील पर महिलाएं वापस अपनी सीटों पर बैठ गईं। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि जिन लाभार्थियों को अब तक 10 हजार रुपये की सहायता नहीं मिली है, उनके खातों में एक महीने के भीतर राशि भेज दी जाएगी।
Jamui सम्राट चौधरी के कंधे पर हाथ: क्या मिल गया नया उत्तराधिकारी?
राजनीतिक गलियारों में सबसे ज्यादा चर्चा उस पल की हो रही है जब मुख्यमंत्री विदा ले रहे थे। राज्यसभा के लिए निर्वाचित हो चुके नीतीश कुमार ने मंच पर उप-मुख्यमंत्री व गृह मंत्री सम्राट चौधरी के कंधे पर हाथ रखा और जनता से मुखातिब होकर कहा, “इनका साथ दीजिएगा।” इस एक वाक्य और हाव-भाव ने सभा में मौजूद भीड़ और राजनीतिक विश्लेषकों के बीच यह चर्चा तेज कर दी है कि क्या नीतीश कुमार ने सम्राट चौधरी को अपना उत्तराधिकारी और अगला मुख्यमंत्री घोषित करने का साफ इशारा कर दिया है।
Jamui राजद पर प्रहार और नक्सल मुक्त जमुई का दावा
अपने संबोधन में नीतीश कुमार ने पूर्ववर्ती राजद सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि पहले बिहार में कुछ नहीं था, जो भी विकास हुआ है वह उनके कार्यकाल में हुआ है। वहीं, गृह मंत्री सम्राट चौधरी ने गर्व से घोषणा की कि जमुई अब नक्सल मुक्त जिला बन चुका है। स्थानीय विधायक और मंत्री श्रेयसी सिंह ने भी मुख्यमंत्री के नेतृत्व पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हीं के निर्देशों पर बिहार सरकार आगे की प्रगति सुनिश्चित करेगी।





